डग थाना क्षेत्र के घाटाखेड़ी गांव में शुक्रवार देर रात एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की कार्रवाई के दौरान उस समय बड़ा विवाद खड़ा हो गया, जब गांव निवासी आरिफ़ खान पुत्र चमन खान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। ANTF टीम NDPS एक्ट से जुड़े मामले में फरार चल रहे मोस्टवांटेड आरोपियों की तलाश में गांव में दबिश देने पहुंची थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार टीम आरोपी लियाकत की तलाश कर रही थी, तभी गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना के बाद मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने ANTF टीम पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि दबिश के दौरान आरिफ़ खान के साथ मारपीट की गई, जिसके कारण उसकी तबीयत बिगड़ी और बाद में उसकी मौत हो गई। गुस्साए परिजन युवक के शव को लेकर डग थाने पहुंच गए और थाने के बाहर शव रखकर जमकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने ANTF टीम के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने और दोषी पुलिसकर्मियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण और समाजजन मौके पर जमा हो गए, जिससे क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बन गई।
स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मौके पर हेमंत गौतम सहित झालावाड़ और आसपास के कई थानों का पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझाने का प्रयास किया, वहीं सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए अतिरिक्त जवान भी बुलाए गए। कुछ समय के लिए डग क्षेत्र में सड़क जाम जैसी स्थिति भी बनी रही, जिससे यातायात प्रभावित हुआ।
फिलहाल पुलिस प्रशासन पूरे मामले की जांच की बात कह रहा है। अधिकारियों का कहना है कि युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही हो सकेगा। दूसरी ओर ग्रामीणों में भारी आक्रोश बना हुआ है और लोग निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। गांव और थाने के आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं ताकि स्थिति नियंत्रण में बनी रहे।
