देहरादून। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शनिवार, 13 जून को देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (IMA) में आयोजित पासिंग आउट परेड की समीक्षा की। यह समारोह भारतीय सशस्त्र बलों के इतिहास में एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है, क्योंकि राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (NDA) की पहली महिला बैच की कैडेट्स प्रशिक्षण पूरा कर अधिकारी के रूप में सेना और वायुसेना में शामिल हुई हैं।
NDA की पहली महिला बैच ने रचा इतिहास
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद वर्ष 2022 में महिलाओं के लिए NDA के द्वार खोले गए थे। अब उसी पहली बैच की 14 महिला कैडेट्स ने अपना प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया है। इनमें 9 कैडेट्स भारतीय सेना और 5 कैडेट्स भारतीय वायुसेना में कमीशंड अधिकारी बनी हैं। इसे महिला सशक्तिकरण और सशस्त्र बलों में समान अवसरों की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
16 देशों के विदेशी कैडेट भी हुए पास आउट
इस वर्ष IMA से कुल 515 कैडेट्स पास आउट हुए, जिनमें 16 देशों के 34 विदेशी कैडेट भी शामिल रहे। समारोह में सैन्य अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और उत्कृष्ट प्रशिक्षण का प्रदर्शन देखने को मिला। राष्ट्रपति मुर्मू ने पासिंग आउट कैडेट्स को शुभकामनाएं देते हुए देश सेवा के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया।
हवाई प्रदर्शन बना आकर्षण का केंद्र
समारोह का समापन भारतीय वायुसेना के शानदार हवाई प्रदर्शन के साथ हुआ। सुखोई लड़ाकू विमानों, सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम और सूर्य किरण एरोबेटिक टीम ने आसमान में रोमांचक करतब दिखाकर दर्शकों का मन मोह लिया। यह ऐतिहासिक अवसर भारतीय सैन्य इतिहास में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी का प्रतीक बन गया।
