मध्य प्रदेश के Janapav Kuti में एक भव्य और महत्वाकांक्षी परियोजना ‘श्री परशुराम–श्रीकृष्ण लोक’ के विकास की योजना बनाई गई है। इंदौर से करीब 45–50 किलोमीटर दूर स्थित यह क्षेत्र न केवल प्राकृतिक सौंदर्य के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि धार्मिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। मान्यता के अनुसार, यही स्थान भगवान Parshuram की जन्मस्थली है, जिसके कारण यहां हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।
प्रस्तावित ‘श्री परशुराम–श्रीकृष्ण लोक’ परियोजना का उद्देश्य इस ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल को एक आधुनिक और सुव्यवस्थित तीर्थ एवं पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करना है। इस परियोजना के अंतर्गत भगवान Krishna और परशुराम जी से जुड़े पौराणिक प्रसंगों को डिजिटल तकनीक, लाइट एंड साउंड शो और इंटरैक्टिव माध्यमों के जरिए प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आध्यात्मिक अनुभव के साथ-साथ ज्ञानवर्धक जानकारी भी मिल सके।
इसके साथ ही यहां भव्य मंदिर परिसर, ध्यान केंद्र, सांस्कृतिक सभागार, उद्यान, दर्शनीय स्थल और पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। पार्किंग, आवास, भोजन व्यवस्था और सुगम यातायात जैसी सुविधाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा, जिससे यह स्थान देश-विदेश के पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन सके।
इस परियोजना का एक महत्वपूर्ण पहलू स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना भी है। इसके निर्माण और संचालन से क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे, जिससे आसपास के गांवों और कस्बों के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। पर्यटन गतिविधियों के बढ़ने से स्थानीय व्यापार, हस्तशिल्प और सेवा क्षेत्र को भी मजबूती मिलेगी।
सरकार का मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद जानापाव क्षेत्र को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में पहचान मिलेगी। इससे न केवल मध्य प्रदेश के पर्यटन मानचित्र को मजबूती मिलेगी, बल्कि राज्य की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को भी नई पहचान मिलेगी।
कुल मिलाकर, ‘श्री परशुराम–श्रीकृष्ण लोक’ परियोजना परंपरा और आधुनिकता का एक अनूठा संगम साबित हो सकती है, जो श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक शांति के साथ-साथ एक समृद्ध सांस्कृतिक अनुभव भी प्रदान करेगी।
NEWS BY : SABIHA KHAN