राजधानी देहरादून को दहला देने वाले विक्रम शर्मा हत्याकांड में पुलिस की मुस्तैदी अब और पैनी हो गई है. आईजी रेंज कार्यालय ने इस मामले में फरार चल रहे छह आरोपियों में से हर एक पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया है. साथ ही SSP देहरादून ने पुलिस मुख्यालय को प्रस्ताव भेजा है कि मामले की संगीनता को देखते हुए यह इनामी राशि बढ़ाकर एक-एक लाख रुपये की जाए जिस पर जल्द फैसला हो सकता है.
दो शूटर और चार मददगार – सभी झारखंड में छिपे
पुलिस की जांच में यह साफ हो चुका है कि इस सुनियोजित हत्या को झारखंड के बदमाशों ने अंजाम दिया. वारदात में दो शूटर और चार मददगार शामिल थे. वारदात के बाद से ही दून पुलिस और STF की टीमें झारखंड में डेरा डाले हुए हैं लेकिन आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलते रहने के कारण अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है. आरोपी किसी एक जगह टिक नहीं रहे और लगातार अलग-अलग जिलों और इलाकों में छिपते फिर रहे हैं.
13 फरवरी को सिल्वर सिटी मॉल के बाहर दिनदहाड़े हुई थी हत्या
13 फरवरी की सुबह देहरादून के राजपुर रोड स्थित सिल्वर सिटी मॉल के बाहर झारखंड के हिस्ट्रीशीटर विक्रम शर्मा को दिनदहाड़े गोलियों से भून दिया गया था. यह कोई आवेश में की गई वारदात नहीं थी बल्कि बाकायदा रेकी, योजना और रणनीति के साथ इसे अंजाम दिया गया था. आरोपी अंकित वर्मा ने पहले जिम में जाकर विक्रम की दिनचर्या और आवाजाही का पूरा जायजा लिया, फिर मौका देखकर दोनों शूटरों ने गोलियां दाग दीं और फरार हो गए.
इनाम घोषित होने के बाद पुलिस को स्थानीय सूचनाएं मिलने की उम्मीद
कई हफ्तों से झारखंड में चल रहे पुलिस के ऑपरेशन के बावजूद अब तक एक भी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है. अब इनाम घोषित होने के बाद पुलिस को उम्मीद है कि स्थानीय सूचनाएं मिलने का सिलसिला शुरू होगा और आरोपियों की धरपकड़ में मदद मिलेगी. SSP देहरादून का प्रस्ताव मंजूर होने की स्थिति में इनामी राशि एक-एक लाख रुपये हो जाएगी जिससे मुखबिरों का और अधिक सहयोग मिलने की संभावना है.