उत्तर प्रदेश के महराजगंज से सरकारी विकास के दावों को आईना दिखाने वाली तस्वीर सामने आई है, घुघली थाना क्षेत्र बसंतपुर में विकास सिर्फ कागजों पर हुआ है और धरातल पर हकीकत कुछ और बयां कर रही है. यहां एक शख्स की शनिवार को तबीयत खराब हो गई. घर वालों ने एंबुलेंस को फोन किया. एंबुलेंस समय पर गांव में पहुंची, लेकिन टोले ले तक जाने के लिए रास्ता नहीं ठीक है. इस वजह से मरीज को चारपाई पर लेकर एंबुलेंस तक पहुंचना पड़ा.
सरकारी विकास को आईना दिखाने वाली यह तस्वीर बसंतपुर डीह टोले से सामने आई है. इस यहां पहुंचने के लिए रहवासियों को एक पक्की सड़क तक नसीब नहीं हो सकी, एंबुलेंस गांव तक तो आती है लेकिन मरीज के घर तक नहीं पहुंच पाती है. स्थानीय लोगों के मुताबिक, जब किसी की तबीयत खराब होती है तो परेशानी और भी ज्यादा बढ़ जाती है. मरीज को चारपाई पर लिटाकर मुख्य रास्ते तक लाना पड़ता है. गंभीर स्थिति में मरीज दम तोड़ सकता है.
क्या है पूरा मामला
जानकारी के मुताबिक, शनिवार को गांव के 60 वर्षीय शंकर की तबीयत खराब हुई तो घर वालों को परेशानी झेलनी पड़ी. घर के लोग जब शंकर को चारपाई पर लिटा कर एंबुलेंस तक ले जा रहे थे तो किसी ने इसका वीडियो बनाकर वायरल कर दिया. गांव का बदहाल रास्ता प्रसाद के घर की ओर जाता है. गांव में विकास कार्यों की असल तस्वीर इस रास्ते से दिखती है.
सिर्फ कागजों में हुआ विकास- स्थानीय
गांव के भीम मौर्य, ओमप्रकाश का कहना है कि गांव का विकास महज कागजों में हुआ है. हकीकत में स्थिति बदहाल है. गांव में न तो बेहतर सड़क है, न ही नाली ठीक बनी है, ज्यादा समस्या रास्ते की है. इससे लोगों को दुश्वारियां झेलनी पड़ती है, लेकिन जिम्मेदारों ने इस समस्या पर कभी ध्यान नहीं दिया. समस्या होने पर कई बार इसकी शिकायत जिम्मेदारों से की गई, लेकिन आज भी स्थिति बदतर है.
जल भराव से स्कूल जाने वाले बच्चे परेशान
बसंतपुर गांव के डीह टोले पर काली माता स्थान के करीब रास्ते पर जल भराव रहता है. इससे स्कूल जाने के दौरान बच्चों की ड्रेस खराब हो जाती है. उनको परेशानी झेलनी पड़ती है. यह समस्या हमेशा बनी रहती है. सबसे अधिक दिक्कत बरसात के दौरान होती है.
क्या बोले अधिकारी?
मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि मामले की जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी. वीडियो वायरल होने पर लोग इसे लेकर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त कर रहे हैं. लोगों का कहना है कि विकास के दावे और हकीकत में जमीन आसमान का अंतर है.