झारखंड के धनबाद जिले में मंगलवार, 31 मार्च की शाम को जमीन धंसने की वजह से एक मकान जमींदोज हो गया. इस इमारत में एक ही परिवार के तीन सदस्य मौजूद थे. पुलिस अधिकारी ने जानकारी दी कि यह घटना सोनारडीह थाना क्षेत्र के तांडबाड़ी बस्ती में हुई है.
धनबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) प्रभात कुमार ने बताया कि बचाव अभियान शुरू कर दिया गया है. जो मकान ढहा, उसमें तीन लोग मौजूद थे. अधिकारी ने स्पष्ट किया कि यह भूस्खलन बारिश के कारण हुआ था और इलाके में कोई अवैध खनन नहीं हो रहा है.
कई घरों में पड़ीं दरारें
बताया जा रहा है कि एक मकान पूरी तरह से ध्वस्त हो गया, जबकि कई मकानों में दरारें आ गई हैं. इमारत गिरने की आवाज से इलाके मे अफरा-तफरी का माहौल बन गया. लोग अपनी जान बचाने के लिए घरों से बाहर निकर वहां से भागने लगे. लोगों ने बताया कि मलबे के अंदर तीन लोग दबे हुए हैं. स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना देते ही अपनी ओर से बचाव कार्य शुरू किया.
स्थानीय लोगों ने नाराजगी भी जाहिर की है. सड़क पर जाम लगाकर जनता ने प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि खनन आदि के चलते लगातार हो रहे भू-धंसान की वजह से लोगों की जान पर बन आई है, लेकिन प्रशासन और सरकार की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा.
वहीं, बाघमारा के एसडीपीओ पुरुषोत्तम कुमार सिंह ने बताया कि फिलहाल स्थिति की जांच की जा रही है. रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य में जुटी है.
धनबाद में अवैध खनन है भू-धंसान का कारण?
बाघमारा से विधायक शत्रुघ्न महतो ने दावा किया कि जमीन धंसने के कारण कम से कम चार मकान ढह गए. उन्होंने यह भी दावा किया कि इलाके में अवैध खनन बड़े पैमाने पर हो रहा है, जो इस घटना का एक कारण हो सकता है.