बिहार में एलपीजी की कमी नहीं है लेकिन धंधेबाज और जमाखोर कमाने में लगे हैं. ऐसे में सरकार की ओर से बड़ी कार्रवाई की गई है. पुलिस महकमा के स्तर से सभी जिलों में लगातार व्यापक अभियान चलाया जा रहा है. हाल में डीजीपी विनय कुमार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी जिलों को जांच का आदेश दिया था. पुलिस मुख्यालय के स्तर से भी मॉनीटरिंग की जा रही है.
ऐसे में पिछले कुछ दिनों से अब तक हुई कार्रवाई के तहत दर्जनभर जिलों में 14 एफआईआर दर्ज की गई है. 419 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए हैं. कालाबाजारी में शामिल करीब 21 व्यक्तियों की पहचान करते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है.
सबसे अधिक अररिया में 261 सिलेंडर जब्त
बुधवार (18 मार्च, 2026) को जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक विभिन्न जिलों के अलग-अलग थानों में मामले दर्ज किए गए हैं. अररिया के फारबिसगंज में सबसे ज्यादा 261 एलपीजी गैस सिलेंडर जब्त किए गए हैं. यहां दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. इसके बाद सहरसा के नगर थाना में एफआईआर दर्ज की गई है, जिसमें 112 सिलेंडर जब्त किए गए हैं और एक व्यक्ति को अभियुक्त बनाया गया है.
सारण के हरिहरनाथ में दो एफआईआर दर्ज
अन्य जिलों की बात की जाए तो शिवहर के शिवहर थाना क्षेत्र में 6 सिलेंडर जब्त किए गए हैं और 2 की गिरफ्तारी हुई है. मधेपुरा के सिंहेश्वर स्थान थाना में एक एलपीजी के साथ एक आरोपी, बेगूसराय के लाखो थाना में 11 एलपीजी के साथ एक आरोपी, सारण के हरिहरनाथ में दो एफआईआर दर्ज की गई (एक में 3 सिलेंडर के साथ एक आरोपी एवं दूसरे में एक सिलेंडर के साथ एक आरोपी) है.
सारण के ही नगर थाना में तीन सिलेंडर के साथ 2 आरोपी, मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा थाना में सात एलपीजी सिलेंडर के साथ एक आरोपी और मोतिहारी के छतौनी थाना में 4 गैस सिलेंडर के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है. सीवान के मुफस्सिल और कटिहार जिले के सहायक थाना में गैस सिलेंडर की जमाखोरी के मामले में एक-एक एफआईआर दर्ज की गई है. इसी तरह और भी गिरफ्तारी हुई है. अन्य जिलों में भी गैस की जमाखोरी को लेकर छापेमारी जारी है.