महोबा में समाजवादी पार्टी ने मान्यवर कांशीराम जी की 92वीं जयंती को बहुजन समाज दिवस और PDA दिवस के रूप में धूमधाम से मनाया. कार्यक्रम में पूर्व मंत्री दद्दू प्रसाद ने प्रदेश की कानून व्यवस्था और यूजीसी के मुद्दे पर सरकार को जमकर घेरा. वहीं शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद मामले में सरकार की कानून व्यवस्था को फेल भी बताया . सपा ने 2027 के लिए जिसकी जितनी संख्या भारी, उतनी उसकी हिस्सेदारी के संकल्प के साथ चुनावी बिगुल को भी फूंक दिया है.
पूर्व मंत्री दद्दू प्रसाद ने योगी और मोदी सरकार पर साधा निशाना
महोबा के समाजवादी पार्टी कार्यालय में रविवार (15 मार्च) को उत्साह का माहौल रहा, जहां दलित और पिछड़ों के मसीहा मान्यवर कांशीराम की 92वीं जयंती पर भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया. इस मौके पर पूर्व कैबिनेट मंत्री दद्दू प्रसाद और प्रदेश सचिव मेघनाद सिंह खंगार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. कार्यक्रम में भारी संख्या में कार्यकर्ताओं की मौजूदगी के बीच वक्ताओं ने कांशीराम जी के विचारों को याद किया.
पूर्व मंत्री दद्दू प्रसाद ने योगी और मोदी सरकार के साथ-साथ आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत पर भी सीधा निशाना साधा. उन्होंने उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था को पूरी तरह ध्वस्त बताते हुए कहा कि जब शंकराचार्य जैसे संत भी सुरक्षित नहीं हैं, तो आम जनता का क्या होगा? उन्होंने शिक्षा के निजीकरण और गैस की किल्लत को लेकर सरकार को घेरा और आरोप लगाया कि यह सरकार केवल घोटालेबाजों का साथ दे रही है.
यूजीसी के मुद्दे पर बोलते हुए दद्दू प्रसाद ने कहा कि संविधान को शत-प्रतिशत लागू न किए जाने के कारण ही इसकी आवश्यकता पड़ी. उन्होंने स्पष्ट किया कि समाजवादी पार्टी यूजीसी के पक्ष में है और संविधान के पूर्ण कार्यान्वयन की मांग करती है.
2027 के विधानसभा चुनाव में इसी फार्मूले के तहत होगा टिकट वितरण
कांशीराम जी के सिद्धांतों का जिक्र करते हुए दद्दू ने कहा कि अखिलेश यादव अब जिसकी जितनी संख्या भारी उसकी उतनी हिस्सेदारी के नारे को जमीन पर उतार रहे हैं. पार्टी ने लक्ष्य रखा है कि 2027 के विधानसभा चुनाव में 403 सीटों पर इसी फार्मूले के तहत टिकट वितरण होगा. साथ ही, सपा ने वादा किया कि सत्ता में आने पर पिछड़ों और अनुसूचित जातियों को प्रमोशन में आरक्षण और घोषित 50 प्रतिशत आरक्षण का पूरा लाभ दिया जाएगा.
प्रदेश सचिव मेघनाद सिंह खंगार ने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए संकल्प लिया कि महोबा की दोनों विधानसभा सीटों पर समाजवादी पार्टी की जीत सुनिश्चित की जाएगी. कार्यक्रम का समापन इस संदेश के साथ हुआ कि PDA की एकजुटता ही प्रदेश में बदलाव का आधार बनेगी.