बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार इन दिनों परिवारवाद का आरोप झेल रहे हैं. जेडीयू में निशांत कुमार के शामिल होने के बाद इस पर बहस शुरू हो गई है. विपक्ष के नेताओं की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं. इस पर बीजेपी सांसद मनोज तिवारी की प्रतिक्रिया सामने आई है. बीते मंगलवार (10 मार्च, 2026) की शाम उन्होंने पटना में मीडिया से बातचीत में इस पर बड़ी बात कह दी.
दरअसल पत्रकारों ने पूछा कि विपक्ष कह रहा है कि नीतीश कुमार ने अपने बेटे को लाया तो क्या ये परिवारवाद नहीं है? इस पर मनोज तिवारी ने कहा, “पहले भी इस बात पर बहस हो चुकी है… परिवारवाद, वंशवाद उसको कहते हैं कि हम नहीं रहेंगे तो उस पद पर वही रहेगा. हम नहीं रहेंगे तो हमारी पार्टी का अध्यक्ष वही रहेगा. नीतीश कुमार ने एक बहुत बड़ा उदाहरण सेट किया है.”
बीजेपी सांसद ने आगे कहा, “आपको याद होगा कि जब बीच में वे सीएम पद से हटे थे तो जीतन राम मांझी को मुख्यमंत्री बनाया था. इसके बाद भी उनके ऊपर कोई सवाल उठाता है तो बहुत घटिया स्तर की सोच है.”
#WATCH पटना, बिहार: JDU नेता निशांत कुमार पर भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने कहा, “बहुत स्वागत है। इस परिवार का बिहार पर बहुत एहसान है। नीतीश कुमार किस बदहाली से बिहार को यहां तक लाए हैं। जब वे बिहार से केंद्र में जा रहे हैं तब अपने बेटे को लाए हैं… नीतीश कुमार ने वंशवाद और… pic.twitter.com/DUxqdNOYdx
— ANI_HindiNews (@AHindinews) March 10, 2026
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राजनीति में आने पर निशांत का किया स्वागत
नीतीश कुमार के बेटे निशांत की राजनीति में एंट्री पर मनोज तिवारी ने कहा, “बहुत स्वागत है… ये परिवार का बहुत एहसान है बिहार के ऊपर… किस बदहाली से नीतीश कुमार ने बिहार को यहां तक लाया है… और बड़प्पन देखिए कि जब वो बिहार से फिर केंद्र में जा रहे हैं तब बेटे को लाए… नहीं तो लोगों ने तो अपने बेटे-बहू… पता नहीं किसको-किसको लाया… तो नीतीश कुमार ने एक बहुत बड़ा एक उदाहरण सेट किया है… वंशवाद और परिवारवाद से अलग हटकर… वो (निशांत) भी आए हैं तो एक सामान्य सदस्य की तरह आए हैं…”
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