जिस घर में शादी की खुशियां और तैयारियों की रौनक होनी चाहिए थी, वहां अचानक मायूसी और चिंता ने जगह ले ली. हल्दी-मेहंदी की रस्मों की जगह एक बेटी अपनी मां के साथ एसएसपी कार्यालय में हाथ में प्रार्थना पत्र लिए न्याय की गुहार लगाती नजर आई. मामला तब सामने आया जब आर्मी में तैनात मंगेतर ने महज एक हफ्ते पहले अचानक शादी करने से इनकार कर दिया.
मामला झांसी के चिरगांव थाना क्षेत्र का है. यहां रहने वाली एक महिला ने बताया कि उसके पति की मृत्यु हो चुकी है और उसने काफी मुश्किलों से पैसा जोड़कर अपनी बेटी की शादी तय की थी. बेटी का रिश्ता झांसी के पालर गांव निवासी रविकांत से तय हुआ था, जो भारतीय सेना में तैनात है.
फौजी को सगाई में मिला था 10 लाख रुपये कैश और सोना
महिला के मुताबिक, 10 अप्रैल 2025 को चिरगांव स्थित एक लॉज में दोनों की मंगनी भी कराई गई थी. मंगनी समारोह में लड़की पक्ष की ओर से करीब 10 लाख रुपये नकद, सोने की चेन और अंगूठी सहित अन्य उपहार दिए गए थे. इसके बाद दोनों परिवारों की सहमति से 11 मार्च 2026 को शादी की तारीख तय कर दी गई थी.
एक मैसेज में कर दिया शादी से इनकार
परिवार के लोग शादी की तैयारियों में जुटे हुए थे और रिश्तेदारों व परिचितों में शादी के कार्ड भी बांटे जा चुके थे. घर में खुशियों का माहौल था, लेकिन तभी अचानक लड़की के फोन पर मंगेतर रविकांत का एक मैसेज आया, जिसमें उसने शादी से इंकार कर दिया. इसके बाद उसने अपना फोन भी बंद कर लिया.
लड़की पक्ष का आरोप है कि जब उन्होंने लड़के के परिवार से संपर्क करने की कोशिश की, तो उन्होंने भी कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया. इससे परिवार पूरी तरह परेशान और हैरान है.
मां-बेटी ने ASP से की न्याय दिलाने की मांग
पीड़ित मां-बेटी ने एसएसपी कार्यालय पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत करते हुए कार्रवाई की मांग की है. उनका कहना है कि शादी की सारी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं और अचानक इस तरह शादी से इनकार करने से उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा और आर्थिक रूप से भी भारी नुकसान हुआ है. मां-बेटी ने पुलिस से मांग की है कि मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की जाए और उन्हें न्याय दिलाया जाए.