बिहार में राज्यसभा चुनाव के लिए वोटिंग होगी. 6 में से किसी भी उम्मीदवार ने नाम वापस नहीं लिया है. नाम वापसी की समय सीमा खत्म हो गई है. अब 16 मार्च को मतदान होगा. 16 मार्च को ही वोटिंग के बाद काउंटिंग होगी और उसी दिन रिजल्ट भी आएगा. पांचवीं सीट पर बीजेपी के शिवेश कुमार और आरजेडी के एडी सिंह के बीच टक्कर होगी.
विधानसभा में विधायकों के गणित के हिसाब से सीएम नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना तय है. वहीं, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का राज्यसभा जाना भी सुनिश्चित है. इसके अलावा जेडीयू के रामनाथ ठाकुर, आरएलएम अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा का भी राज्यसभा जाना लगभग तय माना जा रहा है.
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बिहार में राज्यसभा की 5 सीटों पर चुनाव
बिहार में राज्यसभा की 5 सीटें खाली हो रही हैं. बिहार समेत 10 राज्यों से निर्वाचित राज्य परिषद के 37 सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल 2026 में समाप्त होने वाला है. आरजेडी समेत महागठबंधन के पास मौजूदा वक्त में 35 विधायक हैं, जबकि जीत के लिए 41 वोटों की जरूरत है. ऐसे में एआईएमआईएम और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के विधायकों का समर्थन निर्णायक साबित हो सकता है.
बिहार से किन-किन सदस्यों का कार्यकाल हो रहा खत्म?
बिहार से जिन 5 राज्यसभा सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल में खत्म हो रहा है, उनमें राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह, केंद्रीय मंत्री रामनाथ ठाकुर, प्रेमचंद्र गुप्ता, अमरेंद्र धारी सिंह के साथ उपेंद्र कुशवाहा शामिल हैं. इनमें हरिवंश नारायण सिंह और रामनाथ ठाकुर जेडीयू के, प्रेमचंद्र गुप्ता और अमरेंद्र धारी सिंह आरजेडी के जबकि उपेंद्र कुशवाहा RLM से हैं.
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बता दें कि चुनाव आयोग ने 18 फरवरी को राज्यसभा के द्विवार्षिक चुनावों का कार्यक्रम घोषित किया था. नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 5 मार्च निर्धारित की गई थी, जबकि नामांकन पत्रों की जांच के लिए 6 मार्च का दिन निर्धारित किया गया था. जिन राज्यों से सदस्यों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, वे महाराष्ट्र, ओडिशा, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, असम, बिहार, छत्तीसगढ़, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और तेलंगाना राज्यों का प्रतिनिधित्व करते हैं.