बिहार में राज्यसभा की पांच सीटों पर चुनाव के लिए नामांकन का आखिरी दिन 5 मार्च को है. इससे पहले राज्य से बड़ी खबर आ रही है. सूत्रों का दावा है कि बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड के नेता नीतीश कुमार राज्यसभा जा सकते हैं. इससे पहले नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के लिए अशोक चौधरी, विजय चौधरी समेत कई नेताओं ने पैरोकारी की.
वहीं नामांकन से एक दिन पहले यह सूचना है कि नीतीश कुमार खुद नामांकन कर सकते हैं. जिन दो सीटों पर जदयू को प्रत्याशी उतारना है उसमें एक पर सांसद रामनाथ ठाकुर और हरिवंश नाराययण सिंह, सांसद हैं.
अब सूत्रों की मानें तो रामनाथ ठाकुर तो राज्यसभा जा सकते हैं लेकिन हरिवंश का टिकट कटने के आसार हैं. हरिवंश की जगह नीतीश कुमार खुद राज्यसभा जा सकते हैं. सूत्रों की मानें तो नीतीश कुमार, परिवारवाद के खिलाफ अपनी बातों से पीछे हटने के मूड में नहीं हैं और वह निशांत की जगह खुद जा सकते हैं. घटनाक्रम से वाकिफ सूत्रों की मानें तो अगर निशांत राज्यसभा जाते हैं तो वह भी नीतीश की मर्जी से ही जाएंगे. माना जा रहा है कि नीतीश कुमार ही निशांत के राज्यसभा जाने पर आखिरी मुहर लगाएंगे.
इन सब मुद्दों पर आज रात यानी 4 मार्च की रात तक अंतिम फैसला हो जाएगा.
Nitish Kumar गए राज्यसभा तो बिहार का सीएम कौन?
अब इन सवालों के बीच अहम मुद्दा है कि अगर नीतीश कुमार राज्यसभा जाते हैं तो राज्य का सीएम कौन होगा? दरअसल, बिहार चुनाव 2025 के दौरान ही भारतीय जनता पार्टी के कई नेताओं ने सीएम कौन के सवाल के जवाब पर कहा था कि यह फैसला विधायक दल की बैठक में होगा. फिर चुनाव जैसे-जैसे परवान चढ़ा, चुनाव के दौरान ही बीजेपी के नेताओं ने साफ कर दिया कि चेहरा नीतीश कुमार ही हैं.
साल 2025 के चुनाव परिणामों पर गौर करें तो बीजेपी 89 और जदयू के 85 विधायक है. सूत्रों की मानें तो अगर नीतीश राज्यसभा जाते हैं तो उनकी जगह निशांत, बिहार सरकार में आ सकते हैं या उन्हें जदयू संगठन में अहम जिम्मेदारी मिल सकती है.
ऐसे में इस बात की संभावना ज्यादा है कि अगर नीतीश कुमार राज्यसभा जाते हैं तो उनकी जगह उनके पसंद का सीएम होगा. अब यह देखना दिलचस्प होगा कि बिहार की सियासत होली के बाद क्या करवट लेती है?