गुरुग्राम सेक्टर-102 की जॉय विले सोसाइटी (Joyville Society) से एक बेहद दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. यहां एक स्कूल संचालक ने अपनी 2 साल की मासूम बेटी के साथ 23वीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली.
नीचे गिरने की जोरदार आवाज सुनकर सिक्योरिटी गार्ड और स्थानीय लोग दौड़े और दोनों को तुरंत निजी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने पिता और पुत्री दोनों को मृत घोषित कर दिया. सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है.
पार्क के बहाने ले गया, दूसरे टावर से लगाई छलांग
मृतक की पहचान राहुल विजयरण के रूप में हुई है, जो अपनी पत्नी नीतू दहिया और 2 साल की बेटी वामिका के साथ जॉय विले सोसाइटी के टावर-9 के फ्लैट नंबर 305 में रहते थे. मृतक के भाई अमित विजयरण ने बताया कि मंगलवार (16 मार्च) सुबह नीतू किचन में खाना बना रही थी और राहुल बेटी वामिका को पार्क में घुमाने के बहाने नीचे ले गया था. लेकिन वह पार्क में जाने के बजाय सोसाइटी के ‘टावर-5’ की 23वीं मंजिल पर चला गया और वहां से बच्ची समेत छलांग लगा दी. बाहर शोर सुनकर जब नीतू दौड़ी, तो उसने अपने पति और बच्ची को लहूलुहान हालत में देखा.
कोरोना के बाद चली गई थी आंखों की रोशनी, था डिप्रेशन
राहुल अपनी पत्नी के साथ मिलकर दिल्ली के किराड़ी में जेएस पब्लिक स्कूल चलाते थे. भाई अमित के मुताबिक, कोरोना काल में संक्रमण के बाद राहुल की आंखों की रोशनी पर गहरा असर पड़ा था. उनकी एक आंख की रोशनी पूरी तरह जा चुकी थी, जबकि दूसरी आंख से बहुत कम दिखाई देता था. इस बीमारी की वजह से वह मानसिक रूप से काफी परेशान (डिप्रेशन में) रहने लगे थे. राहुल की एक 11 साल की बड़ी बेटी भी है, जो देहरादून के एक हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करती है.
पुलिस को इन बातों पर है शक
परिजनों ने राहुल की मानसिक स्थिति का हवाला देते हुए पुलिस में कोई भी शिकायत देने या किसी पर शक जताने से इनकार कर दिया है. हालांकि, चौकी प्रभारी जगमाल के नेतृत्व में पुलिस इस मामले की कई एंगल्स से जांच कर रही है. पुलिस के लिए दो बातें बेहद संदिग्ध हैं:
- राहुल टावर-9 में रहता था, तो वह सुसाइड करने के लिए टावर-5 में क्यों गया?
- अगर राहुल अपनी बीमारी से परेशान था, तो उसने 2 साल की मासूम बच्ची की जान क्यों ली?
फिलहाल पुलिस हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है ताकि घटना की असली वजह सामने आ सके.